पढ़िए दफ़्तर 5 एक दिलवाले (सूफी) ने एक गर्भवती कुतिया को देखा जिसके पेट में पिल्ले भौंक रहे थे। वह आश्चर्यचकित रह गया कि कुत्ते के भौंकने की हिकमत रखवाली है, लेकिन माँ के पेट के अंदर भौंकना रखवाली नहीं है। और भौंकना मदद या दूध मांगने के लिए भी हो सकता है, और वहाँ इन फायदों में से कोई भी नहीं है। जब वह होश में आया तो उसने खुदा से दुआ की, "और कोई नहीं जानता इसकी व्याख्या सिवाय अल्लाह के।" जवाब आया कि यह उन लोगों की हालत है जो हिजाब से बाहर नहीं आए हैं और जिनकी दिल की आँखें नहीं खुली हैं, फिर भी वे बसीरत (अंतर्दृष्टि) का दावा करते हैं और बातें कहते हैं जिनसे न तो उन्हें कोई ताकत और मदद मिलती है और न ही सुनने वालों को कोई हिदायत और रोशनी। शेर 1452

M5:1452 — آمدش آواز هاتف در زمان / که آن مثالی دان ز لاف جاهلان

آمدش آواز هاتف در زمانکه آن مثالی دان ز لاف جاهلان
✦ इस बैत को हिन्दी में प्रस्तुत करें

M5:1452

❋ ❋ ❋

अर्थ · به زبانِ تو — आपकी भाषा · AI

Discussion — Ask about this beyt — answered from the Masnavi, every verse cited

Your conversation stays on this device unless you share it.

What readers asked

No questions shared yet — yours could be the first.