पढ़िए दफ़्तर 5 जवाब आया कि अगर उसकी नज़र असबाब, बीमारी और तलवार के घाव पर नहीं आती, तो अज़्राईल भी तुम्हारे काम नहीं आएगा, क्योंकि तुम भी एक सबब हो, भले ही उन सबबों से ज़्यादा छुपे हुए हो। और हो सकता है कि उस बीमार पर यह छिपा न हो कि "और वह तुमसे ज़्यादा क़रीब है, लेकिन तुम नहीं देखते।" शेर 1733

M5:1733 — کین طلب در تو گروگان خداست / زانک هر طالب به مطلوبی سزاست

کین طلب در تو گروگان خداستزانک هر طالب به مطلوبی سزاست
✦ इस बैत को हिन्दी में प्रस्तुत करें

M5:1733

❋ ❋ ❋

अर्थ · به زبانِ تو — आपकी भाषा · AI

Discussion — Ask about this beyt — answered from the Masnavi, every verse cited

Your conversation stays on this device unless you share it.

What readers asked

No questions shared yet — yours could be the first.