पढ़िए दफ़्तर 5 अल्लाह ताला की रहमत की उम्मीद में, जो काबिलियत से पहले नेमतें अता करता है, और वही है जो लोगों के मायूस हो जाने के बाद बारिश बरसाता है, और अक्सर दूरी से करीबी पैदा होती है, और अक्सर एक मुबारक गुनाह होता है, और अक्सर एक खुशी ऐसी जगह से आती है जहाँ बुराई की उम्मीद होती है, ताकि यह मालूम हो कि अल्लाह उनकी बुराइयों को नेकियों में बदल देता है। शेर 1849

M5:1849 — شعله در بنگاه انسانی زنیم / خار را گلزار روحانی کنیم

شعله در بنگاه انسانی زنیمخار را گلزار روحانی کنیم
✦ इस बैत को हिन्दी में प्रस्तुत करें

M5:1849

❋ ❋ ❋

अर्थ · به زبانِ تو — आपकी भाषा · AI

Discussion — Ask about this beyt — answered from the Masnavi, every verse cited

Your conversation stays on this device unless you share it.

What readers asked

No questions shared yet — yours could be the first.