पढ़िए› दफ़्तर 5› जब बादशाह को उस ख़यानत का पता चला तो उसने उसे छुपाने और माफ़ करने का इरादा किया और उसे उस अमीर को दे दिया, और वह समझ गया कि वह फ़ितना उसी की सज़ा थी और उसी का इरादा था और मोसुल के मालिक पर उसी का ज़ुल्म था, कि 'और जिसने बुरा किया, तो उस पर ही है, और निश्चय ही तेरा रब घात में है', और उसे डर था कि यदि वह बदला लेगा तो वह बदला भी उसी पर आ पड़ेगा, जैसे यह ज़ुल्म और लालच उस पर आ पड़ा था› शेर 4007
M5:4007 — با امیرت جفت خواهم کرد من / الله الله زین حکایت دم مزن
با امیرت جفت خواهم کرد منالله الله زین حکایت دم مزن
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M5:4007
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अर्थ · به زبانِ تو — आपकी भाषा · AI
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