पढ़िए दफ़्तर 1 पत्नी का अपने पति को सलाह देना कि अपने कदम और अपनी हैसियत से बढ़कर बात न करो, तुम ऐसी बातें क्यों कहते हो जो तुम करते नहीं हो, क्योंकि ये बातें, भले ही सच हों, यह तुम्हारी तवक्कल की हैसियत नहीं है और अपनी हैसियत और अपने व्यवहार से बढ़कर बात करना हानिकारक है और यह अल्लाह के निकट घृणित अभिमान है शेर 2326

M1:2326 — چند دعوی و دم و باد و بروت‌؟ / ای ترا خانه چو بیت العنکبوت

چند دعوی و دم و باد و بروت‌؟ای ترا خانه چو بیت العنکبوت
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M1:2326

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अर्थ · به زبانِ تو — आपकी भाषा · AI

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