पढ़िए दफ़्तर 4 उस प्रशंसा करने वाले की कहानी जो नाम के लिए अपने प्रशंसित व्यक्ति की प्रशंसा करता था, और उसके अंदरूनी दुःख और ग़म की बू और उसके बाहरी लिबास की विसंगति से पता चलता था कि वे प्रशंसाएं झूठी और नकली थीं शेर 1749

M4:1749 — صد کراهت در درون تو چو خار / کی بود انده نشان ابتشار

صد کراهت در درون تو چو خارکی بود انده نشان ابتشار
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M4:1749

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अर्थ · به زبانِ تو — आपकी भाषा · AI

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