पढ़िए दफ़्तर 4 राजा का अपने दरबारी पर क्रोधित होना और एक सिफ़ारिशकर्ता का उस क्रोधित व्यक्ति के लिए सिफ़ारिश करना, और राजा से माँगना, और राजा का उसकी सिफ़ारिश स्वीकार करना, और दरबारी का इस सिफ़ारिशकर्ता से नाराज़ होना कि 'तुमने सिफ़ारिश क्यों की' शेर 2940

M4:2940 — بر تو می‌ننهیم منت ای کریم / لیک شرح عزت تست ای ندیم

بر تو می‌ننهیم منت ای کریملیک شرح عزت تست ای ندیم
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M4:2940

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अर्थ · به زبانِ تو — आपकी भाषा · AI

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