पढ़िए› दफ़्तर 5› अल्लाह ताला की रहमत की उम्मीद में, जो काबिलियत से पहले नेमतें अता करता है, और वही है जो लोगों के मायूस हो जाने के बाद बारिश बरसाता है, और अक्सर दूरी से करीबी पैदा होती है, और अक्सर एक मुबारक गुनाह होता है, और अक्सर एक खुशी ऐसी जगह से आती है जहाँ बुराई की उम्मीद होती है, ताकि यह मालूम हो कि अल्लाह उनकी बुराइयों को नेकियों में बदल देता है।› शेर 1837
M5:1837 — وز نیاز عاجزانهٔ خویشتن / وز خیال و وهم من یا صد چو من
وز نیاز عاجزانهٔ خویشتنوز خیال و وهم من یا صد چو من
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M5:1837
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अर्थ · به زبانِ تو — आपकी भाषा · AI
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