पढ़िए दफ़्तर 6 उस व्यक्ति की कहानी जिसने आधी रात को सेहरी बजाई। उसके पड़ोसी ने उससे कहा कि 'आधी रात है, सेहरी नहीं है, और दूसरी बात यह कि इस घर में कोई नहीं है, तुम किसके लिए बजा रहे हो' और गायक का उसे जवाब देना। शेर 879

M6:879 — مشتری خواهی که از وی زر بری / به ز حق کی باشد ای دل مشتری

مشتری خواهی که از وی زر بریبه ز حق کی باشد ای دل مشتری
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M6:879

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अर्थ · به زبانِ تو — आपकी भाषा · AI

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